मैदा लकड़ी (Karak Maida) क्या है? उपयोग, लेप और फायदे
कर्क मैदा गेहूँ का मैदा नहीं, एक पेड़ की छाल का पाउडर है। जानिए यह क्या है और पारंपरिक रूप से कैसे इस्तेमाल होता है।

कर्क मैदा (Karak Maida), जिसे मैदा लकड़ी या मेदा लकड़ी भी कहते हैं, Litsea glutinosa (Indian laurel) पेड़ की छाल का बारीक पाउडर है। पानी मिलाने पर यह चिपचिपा हो जाता है, इसलिए पारंपरिक रूप से मोच, चोट और जोड़ों के दर्द पर लेप के रूप में लगाया जाता है। यह गेहूँ का मैदा नहीं है।
- मैदा लकड़ी (मेदा लकड़ी, कर्क मैदा) Litsea glutinosa पेड़ की छाल का बारीक पाउडर है।
- यह गेहूँ का मैदा नहीं है और खाने का आटा नहीं है।
- असली पाउडर पानी मिलाने पर एक मिनट में चिकना, चिपचिपा लेप बन जाता है।
- पारंपरिक रूप से मोच, चोट और जोड़ों के दर्द पर लेप के रूप में लगाया जाता है।
- मुँह से केवल वैद्य की सलाह पर ही लें, क्योंकि इससे कब्ज़ हो सकती है।
कर्क मैदा कैसा होता है?
- हल्के बेज से हल्के भूरे रंग का बारीक पाउडर
- हल्की लकड़ी जैसी गंध
- पहचान का आसान टेस्ट: आधा चम्मच पाउडर में कुछ बूँद पानी मिलाएँ। असली मैदा लकड़ी एक मिनट में चिकना, चिपचिपा, जेल जैसा लेप बन जाती है।
कर्क मैदा किस काम आता है?
1. लेप के रूप में
पारंपरिक घरेलू देखभाल में मोच, चोट, सूजन और जोड़ों के दर्द वाली जगह पर इसका लेप लगाया जाता है।
2. दूसरे लेप को बाँधने के लिए
इसका चिपचिपापन दूसरे जड़ी-बूटी पाउडर को बाँधकर रखता है, इसलिए कई पारंपरिक लेपों में इसे मिलाया जाता है।
3. पाचन में
इसकी छाल कसैली (astringent) होती है। पारंपरिक रूप से इसे थोड़ी मात्रा में दस्त में लिया जाता रहा है, पर मुँह से केवल वैद्य की सलाह पर ही लें।
4. अगरबत्ती में
अगरबत्ती बनाने में इसे प्राकृतिक बाइंडर के रूप में इस्तेमाल किया जाता है।
ध्यान दें: ये पारंपरिक उपयोग हैं, चिकित्सा दावे नहीं। दर्द या सूजन ठीक न हो तो डॉक्टर को दिखाएँ।
मैदा लकड़ी का लेप कैसे बनाएँ?
- 1–2 चम्मच कर्क मैदा लें।
- गुनगुना पानी मिलाकर गाढ़ा लेप बनाएँ। चाहें तो एक चुटकी हल्दी भी मिला सकते हैं।
- प्रभावित जगह पर लगाएँ और सूखने दें (लगभग 30 मिनट)।
- गुनगुने पानी से धो लें।
सावधानियाँ
- पहले त्वचा के छोटे हिस्से पर लगाकर देखें।
- खुले घाव पर न लगाएँ।
- मुँह से लेने पर कब्ज़ हो सकती है, इसलिए केवल वैद्य की सलाह पर ही लें।
- गर्भावस्था और स्तनपान में मुँह से न लें।
कर्क मैदा कहाँ से खरीदें?
Dhanyawad Ayurved का कर्क मैदा (मैदा लकड़ी पाउडर): ₹120 में 100g, पूरे भारत में डिलीवरी के साथ।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या कर्क मैदा और गेहूँ का मैदा एक ही हैं?
नहीं। गेहूँ का मैदा खाने का आटा है, जबकि कर्क मैदा पेड़ की छाल का पाउडर है।
मैदा लकड़ी का वानस्पतिक नाम क्या है?
Litsea glutinosa. आयुर्वेद में इसे मेदासक (Medasaka) कहते हैं।
असली मैदा लकड़ी कैसे पहचानें?
आधा चम्मच पाउडर में कुछ बूँद पानी मिलाएँ। असली मैदा लकड़ी एक मिनट में चिकना, चिपचिपा, जेल जैसा लेप बन जाती है। इसका रंग हल्का बेज से हल्का भूरा होता है और गंध हल्की लकड़ी जैसी।
स्रोत
Written by the Dhanyawad Ayurved team and reviewed by Vaidya Ravinder Arora (40+ years), Dhanyawad Ayurved Vatika, Dwarka, New Delhi. This article describes traditional uses for general information. It is not medical advice. Consult a qualified doctor or Ayurvedic practitioner before using any herb therapeutically.